नई दिल्ली। शरीर और प्रकृति के बीच संतुलन बनाए रखने से ही व्यक्ति लंबे समय तक निरोगी रह सकता है। आयुर्वेद का मानना है कि आधुनिक समय की भागदौड़ भरी जिंदगी, बढ़ते तनाव और अनियमित दिनचर्या के कारण लोगों के स्वास्थ्य पर नकारात्मक प्रभाव पड़ रहा है। ऐसे में आयुर्वेद जीवन को स्वस्थ बनाए रखने के लिए कुछ मूल सिद्धांतों पर जोर देता है, जिनका पालन करने से शरीर और मन दोनों को संतुलित रखा जा सकता है। आयुर्वेद के अनुसार, स्वस्थ जीवन के लिए पांच प्रमुख सुरक्षा कवच माने गए हैं। इनमें मजबूत पाचन शक्ति, नियमित तेल मालिश, स्वस्थ श्वसन तंत्र, अच्छी रोग प्रतिरोधक क्षमता और बेहतर मानसिक स्वास्थ्य शामिल हैं।


