ढाका। बांग्लादेश के हालिया आम चुनावों के परिणामों ने देश की राजनीतिक दिशा स्पष्ट कर दी है। तारिक रहमान की अगुवाई वाली बांग्लादेश नेशनलिस्ट पार्टी (बीएनपी) ने दो-तिहाई बहुमत के साथ एक ऐतिहासिक और बड़ी जीत दर्ज की है। हालांकि इन चुनावों में सबसे अधिक चर्चा जमात-ए-इस्लामी की रही जिसने आवामी लीग की अनुपस्थिति में खुद को मुख्य शक्ति के रूप में स्थापित करने की पुरजोर कोशिश की थी। पहली बार इतने बड़े स्तर पर चुनाव लड़ने के बावजूद जमात के हाथ केवल निराशा ही लगी है। 11 दलों के साथ गठबंधन कर चुनावी मैदान में उतरी जमात को महज 68 सीटों पर संतोष करना पड़ा जिससे स्पष्ट हो गया कि वह अपनी कट्टरपंथी छवि के बोझ से मुक्त होने में पूरी तरह नाकाम रही है।


