एक पुरानी परंपरा है जो भारत के कई गांवों में पीढ़ियों से चली आ रही है
गोंडा। गांवों में जब कोई व्यक्ति बीमार होता है, तो उपचार के लिए अक्सर कुछ पारंपरिक तरीके अपनाए जाते हैं। इन्हीं में से एक है अड़हुल यानी गुड़हल के फूल से धड़कोना देना। इस प्रक्रिया में अड़हुल के फूल या उसकी डाली को मरीज के ऊपर घुमाया जाता है या हल्के से स्पर्श कराया जाता है। माना जाता है कि इससे बीमारी दूर होती है या बुरी नजर का असर खत्म हो जाता है। यह एक पुरानी परंपरा है जो पीढ़ियों से चली आ रही है।


