नई दिल्ली। केंद्र सरकार के दूसरे वर्ष के पूरा होने के बाद केंद्रीय मंत्रिमंडल में संभावित फेरबदल और विस्तार को लेकर राजनीतिक हलकों में चर्चा बढ़ गई है। भाजपा के हालिया संगठनात्मक फैसलों और राज्यसभा चुनाव से जुड़े घटनाक्रमों ने इन अटकलों को और बल दिया है। कुछ केंद्रीय मंत्रियों को नई जिम्मेदारियां दिए जाने तथा कुछ नामों का राज्यसभा उम्मीदवारों की सूची में शामिल न होना चर्चा का विषय बना हुआ है। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व वाली मौजूदा मंत्रिपरिषद ने जून 2024 में कार्यभार संभाला था। पिछले कार्यकालों में भी दो वर्ष पूरे होने के बाद मंत्रिमंडल में बदलाव हुए थे, इसलिए इस बार भी जल्द कुछ महत्वपूर्ण निर्णय लिए जाने की संभावना जताई जा रही है।


