कोलकाता,। राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ (आरएसएस) के सरसंघचालक मोहन भागवत ने रविवार को कोलकाता में स्पष्ट किया कि संगठन का कोई राजनीतिक एजेंडा नहीं है और इसे भारतीय जनता पार्टी के नजरिए से नहीं देखना चाहिए। संघ के शताब्दी समारोह के तहत आयोजित आरएसएस 100 व्याख्यान माला कार्यक्रम में बोलते हुए भागवत ने कहा कि आरएसएस को संकीर्ण या तुलनात्मक ढांचों में नहीं बांधा जा सकता।
उन्होंने कहा, आरएसएस को समझने के लिए इसे अनुभव करना होगा। तुलना करने से गलतफहमी पैदा होती है।


